{"product_id":"supreme-god-cum-supreme-spiritual-teacher","title":"परम ब्रह्म-सह-परम गुरु - Supreme God Cum Supreme Spiritual Teacher","description":"\u003cp style=\"text-align: left;\"\u003eप्रस्तुत धर्म पुस्तिका के नामकरण 'परम ब्रडा-सह-परम गुरु' का प्रत्यक्ष और स्पष्ट अभिप्राय है - एक ही अदृश्य आध्यात्मिक देह में परम भगवान् और परम गुरु सम्यक् रूप से विराजमान हैं। प्राच्य आध्यात्मिक दर्शन में परब्रह्म और परम गुरु में स्पष्टतः एकत्व का दर्शन होता है। परम ब्रह्म और परम गुरु एक ही हैं। सामान्यतः भगवान् और गुरु को एक ही समझा, गाना और बोला जाता है-भगवान् और गुरु एक ही हैं, दो नहीं हैं। सामान्य जन मानव योनि में पैदा हुए आध्यात्मिक धार्मिक प्रवचनकर्ता मानव को गुरु रूप में मानते हैं और उन्हीं को भगवान् समझते, मानते और कहते हैं।\u003c\/p\u003e\n\u003cp style=\"text-align: left;\"\u003eहमारे गुरु भगवान् ब्रह्मा, भगवान विष्णु भगवान् शिव (महेश, शङ्कर, रुद) और साक्षात् परब्रहा हैं। उस (परम) गुरु को करबद्ध प्रणाम करता हूँ। परब्रहा द्वारा सृष्टि का सर्जन, स्थिति और प्रलय करने लिए तीन रूपों के तीन नामकरण हैं जो पूर्वाङ्कित हैं।\u003c\/p\u003e\n\u003cp style=\"text-align: left;\"\u003eडॉ० हरिओम् श्रीवास्तव (फाल्गुन, कृष्ण, प्रतिपदा, विक्रम सम्वत् २००७) उत्तर प्रदेश के तत्कालीन तहसील मुख्यालय और वर्तमान में जनपद मुख्यालय बलरामपुर में जन्मे हैं। इनका पैतृक आवास ग्राम कैथवलिया रेहरा, तहसील डुमरियागन्ज, जनपद सिद्धार्थनगर (उ०प्र०) में है। डॉ० श्रीवास्तव विद्या वाचस्पति (पीएच०डी०) उपाधि धारक हैं। डॉ० श्रीवास्तव श्रीवास्तव उच्च शिक्षा विभाग में शिक्षक रह चुके हैं। विश्वविद्यालयों के भूगोल विभागों, भौगोलिक परिषदों द्वारा आयोजित सेमिनारों, भारतीय विज्ञान कांग्रेस के वार्षिक अधिवेशनों में सक्रिय सहभागिता कर चुके हैं। डॉ० श्रीवास्तव अध्ययन, लेखन, सामाजिक-सांस्कृतिक संगठनों द्वारा आयोजित सांस्कृतिक धार्मिक सामाजिक आयोजनों में सक्रिय रुचि रखते हैं। इनके द्वारा बनेक पाठ्य और धार्मिक ग्रन्थ भी प्रकाशित किये जा चुके हैं। वे चौरासी लाख योनियों के समस्त देहधारी प्राणियों को परब्रहम का नित्य सेवक मानते हैं। उच्च योनि में प्राणियों को परवा का शिष्यगण मानते है।\u003c\/p\u003e","brand":"Dr. Hariom Shrivastav","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":49788056305802,"sku":"9788120844650","price":320.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0592\/8583\/1818\/files\/Cover_4c19fe6b-fc5b-44c4-be94-04d9901cf2a2.jpg?v=1785149889","url":"https:\/\/www.motilalbanarsidass.com\/en-us\/products\/supreme-god-cum-supreme-spiritual-teacher","provider":"Motilal Banarsidass","version":"1.0","type":"link"}