🔄

आरोग्य सुख - Aarogya Sukh

आरोग्य सुख - Aarogya Sukh

Publisher: Nirmal Publishing House
Language: Hindi & Sanskrit
Total Pages: 260
Available in: Paperback
Regular price Rs. 325.00
Unit price per
Tax included.

Description

प्रत्येक व्यक्ति स्वस्थ रहना चाहता है, रोगी हो जाए तो शीघ्रातिशीघ्र स्वास्थ्यलाभप्राप्त करना चाहता है। स्वस्थ के स्वास्थ्य की रक्षा और रोगी के रोग का निवारण ही आयुर्वेद का प्रयोजन है। आयुर्वेद के तीन मूल ग्रन्थ हैं- चरक, सुश्रुत और वाग्भट। इन तीनों में भी महर्षि अग्निवेश प्रणीत चरकसंहिता, धन्वन्तरि प्रणीत सुश्रुत संहिता अधिक प्राचीन है। इसमें आयुर्वेद का वह रहस्य निहित है जो प्रत्येक द्वारा जानने योग्य, मनन करने योग्य और आचरण करने योग्य है।

मूल ग्रन्थ संस्कृत में होने के कारण सर्वसाधारण की उसमें गति नहीं है। प्रस्तुत पुस्तक आरोग्य सुख पूर्ण रूप से चरक सुश्रुत पर आधारित है। इसमें चरक सुश्रुत के उन अंशों को हिन्दी धारावाहिक में प्रस्तुत किया गया है जो प्रत्येक द्वारा जानने योग्य है और अपनी दिनचर्या में आचरण करने योग्य है। लेखिका ने पूर्ण ईमानदारी से चरक और सुश्रुत का शतशः स्वाध्याय कर उन अंशों को चुना है और रोचक शैली तथा सरल भाषा में प्रस्तुत किया है। अपने कथन की प्रामाणिकता के लिए पद-पद पर चरक सुश्रुत के उद्धरणों को प्रस्तुत किया है। लेखिका का यह प्रयास श्लाघनीय है और लेखिका भूयशः साधुवाद की पात्र है। यह पुस्तक प्रत्येक व्यक्ति जो स्वस्थ रहना चाहे या स्वास्थ्य के नियमों को, रोगों के हेतु को जानना चाहे उसे बारम्बार पढ़नी चाहिये और इसमें लिखे सिद्धान्तों का पालन करना चाहिये।